हिंदू धर्म में भगवान श्री राम का नाम सबसे पवित्र और मोक्षदायी माना गया है। RAM Rameti Rameti Mantra एक ऐसा दिव्य मंत्र है जिसे स्वयं भगवान शिव ने माता पार्वती को बताया था। इस मंत्र में “राम” नाम का तीन बार उच्चारण करने से सहस्रनाम अर्थात् विष्णु के एक हजार नामों के जाप के समान पुण्य की प्राप्ति होती है।
यह मंत्र केवल एक साधारण जाप नहीं, बल्कि आत्मा को परमात्मा से जोड़ने का एक अद्भुत माध्यम है। जो भक्त नियमित रूप से राम रामेति रामेति मंत्र का पाठ करते हैं, उन्हें मानसिक शांति, आत्मिक बल और ईश्वरीय कृपा प्राप्त होती है।
मंत्र की उत्पत्ति (Origin of the Mantra)
पद्म पुराण का दिव्य प्रसंग
RAM Rameti Rameti Mantra की उत्पत्ति पद्म पुराण के उत्तर खंड में वर्णित एक पवित्र संवाद से हुई है। यह संवाद भगवान शिव और माता पार्वती के बीच हुआ था। एक दिन माता पार्वती ने महादेव से पूछा कि वे सदैव किस नाम का जाप करते हैं और उनकी समाधि का आधार क्या है।
इस पर भगवान शिव ने मुस्कुराते हुए कहा:
“हे वरानने! मैं सदैव ‘राम रामेति रामेति’ इस प्रकार राम नाम का जाप करता हूँ। यह मनोरम नाम मेरे मन को अपार आनंद देता है और विष्णु के सहस्रनाम के समान फल प्रदान करता है।”
इस प्रकार यह मंत्र त्रिलोकीनाथ शिव के मुखारविंद से प्रकट हुआ। जो मंत्र स्वयं भगवान शिव की साधना का आधार हो, उसकी दिव्यता और शक्ति अतुलनीय है।
तुलसीदासजी और राम नाम
गोस्वामी तुलसीदासजी ने रामचरितमानस के बालकांड में राम नाम की महिमा का विस्तार से वर्णन किया है। उन्होंने लिखा है कि राम नाम “तारक मंत्र” है अर्थात् यह नाम जीव को संसार के सागर से पार लगाने वाला है। यही कारण है कि राम रामेति रामेति मंत्र को सबसे सरल और सबसे शक्तिशाली मंत्र माना जाता है।
हनुमानजी और राम नाम का संबंध
भगवान हनुमान को राम नाम का सबसे बड़ा उपासक माना जाता है। शास्त्रों में वर्णन है कि हनुमानजी हर श्वास में राम नाम का जाप करते हैं। यही कारण है कि RAM Rameti Rameti का जाप हनुमान उपासना के साथ भी किया जाता है और इससे भक्त को हनुमानजी की विशेष कृपा प्राप्त होती है।
RAM Rameti Rameti Mantra: संस्कृत पाठ
मूल मंत्र (Original Sanskrit Text)
राम रामेति रामेति, रमे रामे मनोरमे।
सहस्रनाम तत्तुल्यं, रामनाम वरानने॥

Roman Transliteration
Rama Rameti Rameti, Rame Rame Manorame।
Sahasranama Tattulyam, Ramanāma Varanane॥
शब्द-दर-शब्द अर्थ (Word by Word Meaning)
| संस्कृत शब्द | अर्थ |
|---|---|
| राम | भगवान राम का नाम; जो आनंदस्वरूप हैं |
| रामेति | “राम” ऐसा कहते हुए |
| रमे | जिनमें मैं रमण करता हूँ, जो मुझे प्रिय हैं |
| मनोरमे | मन को प्रसन्न करने वाले, मनोहर |
| सहस्रनाम | एक हजार नाम |
| तत्तुल्यं | उसके समान, उतना ही फल देने वाला |
| रामनाम | राम का पवित्र नाम |
| वरानने | हे सुंदर मुख वाली (माता पार्वती को संबोधन) |
RAM Rameti Rameti Mantra Meaning in Hindi
राम रामेति रामेति मंत्र का अर्थ हिंदी में:
“हे सुंदर मुखवाली पार्वती! मैं ‘राम, राम, राम’ इस प्रकार राम नाम में ही रमण करता हूँ। यह मन को आनंदित करने वाला नाम है। भगवान विष्णु के एक हजार नामों के जाप के समान ही केवल एक ‘राम’ नाम का जाप है।”
इस मंत्र में भगवान शिव स्वयं माता पार्वती को बता रहे हैं कि वे सदैव “राम” नाम का जाप करते हैं और यही उनकी समाधि का आधार है। RAM Rameti Rameti Rame Rame Manorame की यह पंक्ति दर्शाती है कि राम नाम में ही सारा ब्रह्मांड समाहित है।
RAM Rameti Rameti Mantra in English
Translation:
“O beautiful-faced one (Parvati), I chant ‘Rama, Rama, Rama’ and find my delight in the enchanting name of Rama. This single name of Rama is equal in merit to the recitation of the thousand names of Lord Vishnu.”
The RAM Rameti Rameti Mantra in English conveys that the name “Rama” is not merely a word, but the essence of all divine names combined. By uttering it three times with devotion, one receives the spiritual merit equivalent to chanting the entire Vishnu Sahasranama.
मंत्र का आध्यात्मिक महत्व (Spiritual Significance)
महादेव की वाणी से निकला मंत्र
यह मंत्र पद्म पुराण में वर्णित है। इसमें भगवान शिव माता पार्वती को बताते हैं कि वे स्वयं राम नाम का जाप करते हैं। जब त्रिलोकीनाथ शिव स्वयं किसी मंत्र की महिमा का वर्णन करें, तो उसकी शक्ति और पवित्रता स्वयंसिद्ध हो जाती है।
“राम” शब्द का रहस्य
“राम” शब्द दो बीज मंत्रों से बना है:
- “रा” = अग्नि बीज, जो सभी पापों को जलाता है
- “म” = चंद्र बीज, जो शीतलता और शांति प्रदान करता है
RAM Rameti Rameti के उच्चारण से यह दोनों शक्तियाँ एक साथ जाग्रत होती हैं।
विष्णु सहस्रनाम के समतुल्य
शास्त्रों में कहा गया है कि विष्णु के एक हजार नामों के जाप का जो पुण्य मिलता है, वही पुण्य केवल “राम” नाम के तीन बार उच्चारण से प्राप्त होता है। यही इस मंत्र की सबसे बड़ी विशेषता है।
मंत्र का नाद विज्ञान (Sound Science of the Mantra)
“राम” शब्द की ध्वनि का रहस्य
आधुनिक विज्ञान और प्राचीन भारतीय नाद विज्ञान दोनों इस बात से सहमत हैं कि ध्वनि का मानव शरीर और मन पर गहरा प्रभाव पड़ता है। RAM Rameti Rameti Mantra में “राम” शब्द की ध्वनि विशेष रूप से शक्तिशाली है।
“राम” शब्द में तीन ध्वनियाँ हैं:
| ध्वनि | उत्पत्ति स्थान | प्रभाव |
|---|---|---|
| र | तालु (Palate) | मस्तिष्क को सक्रिय करती है |
| आ | कंठ (Throat) | हृदय चक्र को जाग्रत करती है |
| म | ओष्ठ (Lips) | नाद को शरीर में अनुगुंजित करती है |
“म” नाद का विशेष प्रभाव
जब “राम” का उच्चारण होता है तो अंत में “म” की ध्वनि होठों के बंद होने पर शरीर के भीतर अनुगूँजती है। यह अनुगूँज ठीक “ॐ” के “म” नाद के समान होती है। इसीलिए कहा जाता है कि “राम” नाम में ही “ॐ” की शक्ति समाहित है।
मस्तिष्क पर वैज्ञानिक प्रभाव
भारतीय और पाश्चात्य शोधकर्ताओं ने पाया है कि मंत्र जाप के दौरान:
- मस्तिष्क में Alpha और Theta तरंगें बढ़ती हैं जो गहरी शांति और एकाग्रता की अवस्था है
- Cortisol (तनाव हार्मोन) का स्तर घटता है
- हृदय की धड़कन नियमित और शांत होती है
- श्वसन क्रिया गहरी और स्थिर होती है
RAM Rameti Rameti का उच्चारण जब 108 बार किया जाता है तो यह प्रभाव और भी गहरा होता है।
नाद और चक्र जागरण
नाद विज्ञान के अनुसार “राम” नाम का जाप विशेष रूप से मणिपुर चक्र (नाभि के पास) को सक्रिय करता है। यह चक्र आत्मबल, आत्मविश्वास और ऊर्जा का केंद्र है। जब यह चक्र जाग्रत होता है तो साधक में दृढ़ता, साहस और आंतरिक शक्ति का संचार होता है।
इसीलिए RAM Rameti Rameti Mantra को केवल धार्मिक दृष्टि से नहीं, बल्कि समग्र स्वास्थ्य और आत्म-विकास की दृष्टि से भी अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है।
मंत्र जाप का सही समय (When to Recite)
RAM Rameti Rameti Mantra का जाप निम्नलिखित समय में करना विशेष फलदायी होता है:
- ब्रह्म मुहूर्त (प्रातःकाल 4 से 6 बजे): यह समय जाप के लिए सर्वोत्तम माना गया है। मन शांत होता है और एकाग्रता अधिक होती है।
- सूर्योदय के समय: भगवान राम सूर्यवंशी हैं, अतः सूर्योदय के समय इनके नाम का जाप विशेष शुभ है।
- संध्या काल: शाम की पूजा के समय इस मंत्र का पाठ करने से घर में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।
- विशेष अवसर: राम नवमी, हनुमान जयंती, और एकादशी के दिन इस मंत्र का जाप विशेष महत्वपूर्ण होता है।
- कठिन परिस्थितियों में: जीवन में किसी भी संकट या मानसिक अशांति के समय इस मंत्र का उच्चारण तत्काल राहत देता है।
RAM Rameti Rameti Mantra Benefits | मंत्र के आध्यात्मिक लाभ
राम रामेति रामेति मंत्र के लाभ अनेक और गहरे हैं। नियमित जाप करने वाले भक्तों को निम्नलिखित लाभ प्राप्त होते हैं:
1. हजार नामों का पुण्य
केवल “राम” नाम के तीन बार उच्चारण से विष्णु सहस्रनाम के समान पुण्य मिलता है। यह इस मंत्र की सबसे बड़ी विशेषता है।
2. मानसिक शांति
RAM Rameti Rameti Mantra का नियमित जाप मन की अशांति, चिंता और भय को दूर करता है। मन में गहरी शांति और स्थिरता आती है।
3. नकारात्मक शक्तियों से रक्षा
राम नाम एक कवच की तरह कार्य करता है। यह मंत्र बुरी शक्तियों, नकारात्मक ऊर्जाओं और संकटों से साधक की रक्षा करता है।
4. पापों का नाश
शास्त्रों के अनुसार राम नाम का जाप सभी प्रकार के पापों को नष्ट कर देता है और आत्मा को शुद्ध करता है।
5. भक्ति और समर्पण की वृद्धि
इस मंत्र के नियमित पाठ से भगवान के प्रति श्रद्धा, भक्ति और समर्पण की भावना गहरी होती जाती है।
6. मोक्ष की प्राप्ति
राम नाम को मोक्षदायी माना गया है। तुलसीदासजी ने रामचरितमानस में भी कहा है कि राम नाम तारक मंत्र है जो जीव को जन्म-मृत्यु के चक्र से मुक्त करता है।
7. सकारात्मक ऊर्जा का संचार
घर में इस मंत्र का उच्चारण करने से वातावरण शुद्ध होता है और सकारात्मक ऊर्जा का प्रवाह बढ़ता है।
जाप विधि (Method of Chanting)
RAM Rameti Rameti Mantra का जाप करने की सरल विधि:
- प्रातःकाल स्नान के बाद स्वच्छ वस्त्र पहनें।
- पूर्व या उत्तर दिशा की ओर मुख करके बैठें।
- भगवान राम की प्रतिमा या चित्र के सामने दीपक जलाएं।
- तुलसी माला से इस मंत्र का 108 बार जाप करें।
- मंत्र का उच्चारण धीमे, स्पष्ट और भावपूर्ण स्वर में करें।
- जाप के दौरान मन को एकाग्र रखें और भगवान राम के चरणों में ध्यान लगाएं।
निष्कर्ष (Conclusion)
RAM Rameti Rameti Mantra केवल एक मंत्र नहीं, यह एक जीवन दर्शन है। जब स्वयं महादेव शिव इस नाम का जाप करते हैं, तो इसकी शक्ति और पवित्रता असीमित है। राम रामेति रामेति मंत्र का अर्थ यह है कि राम नाम में ही ईश्वर का संपूर्ण सार समाया हुआ है।
जो भक्त सच्चे मन और श्रद्धा से RAM Rameti Rameti का जाप करते हैं, उन्हें भगवान की कृपा अवश्य प्राप्त होती है। यह मंत्र मन की अशांति को शांति में, अंधकार को प्रकाश में और दुःख को आनंद में बदल देता है।
राम नाम के इस अद्भुत मंत्र को अपने दैनिक जीवन में अपनाएं और अनुभव करें वह दिव्य शांति जो केवल प्रभु राम के नाम में है।
? अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)
प्रश्न 1: RAM Rameti Rameti Mantra का अर्थ क्या है?
इस मंत्र में भगवान शिव माता पार्वती को बताते हैं कि “राम” नाम का तीन बार उच्चारण विष्णु के एक हजार नामों के जाप के समान फलदायी है।
प्रश्न 2: राम रामेति रामेति मंत्र कहाँ से लिया गया है?
यह मंत्र पद्म पुराण के उत्तर खंड से लिया गया है जिसमें भगवान शिव ने माता पार्वती को इसकी महिमा बताई है।
प्रश्न 3: RAM Rameti Rameti Mantra के क्या Benefits हैं?
इस मंत्र के जाप से मानसिक शांति, पापों का नाश, नकारात्मकता से रक्षा, भक्ति की वृद्धि और मोक्ष की प्राप्ति होती है।
प्रश्न 4: इस मंत्र का जाप दिन में कितनी बार करें?
प्रतिदिन 108 बार जाप आदर्श माना जाता है। व्यस्त दिनचर्या में कम से कम 11 बार भी कर सकते हैं।
प्रश्न 5: RAM Rameti Rameti Rame Rame Manorame का क्या अर्थ है?
इसका अर्थ है “मैं राम, राम, राम कहते हुए उस मनोरम राम नाम में रमण करता हूँ जो मन को परम आनंद देता है।”
प्रश्न 6: क्या इस मंत्र को महिलाएं भी जप सकती हैं?
हाँ, यह मंत्र सभी के लिए समान रूप से फलदायी है। स्त्री, पुरुष, बालक, वृद्ध सभी इसका जाप कर सकते हैं।
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